नवगछिया – नवगछिया में लॉक डाउन सिर्फ नाम का रह गया है. नवगछिया बाजार की मौजूदा स्थिति को देख कर कोई भी यह उम्मीद नहीं लगा सकता है कि पिछले दिनों इसी नवगछिया में पहला कोरोना पॉजीटिव मिलने के बाद 28 दिनों तक सील कर दिया गया था. नवगछिया में इनदिनों हर तरह की दुकानें खुल रही हैं. कपड़ों से लेकर जूते चप्पल और पूजा पाठ से लेकर श्रृंगार सामग्री की दुकानें भी दिन में खुली रहती है. शनिवार को भी नवगछिया बाजार में लोगों की अत्यधिक आवाजाही होने से दिन भर रह रह कर जाम की स्थिति बनती रही.
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!छोटे दुकानदार कर रहे हैं लॉक डाउन का पालन
नवगछिया बाजार में छोटे दुकानदार लॉक डाउन का पालन कर रहे हैं. सड़क किनारे पान, चाय की दुकानें, ठेले पर चलने वाली नाश्ते की दुकानें और सड़क किनारे चटाई पर सामान बेचने वाले दुकानदार अपना दुकान बंद ही रख रहे हैं तो दूसरी तरफ ऐसे दुकानदारों के साथ पुलिस भी सख्त व्यवहार करती है जबकि बड़े दुकानदारों की पुलिस टोह भी नहीं ले रही है.

छोटे दुकानदारों को भी दुकान खोलने का मिले आदेश
आजाद हिंद मोर्चा के अध्यक्ष राजेंद्र प्रसाद यादव ने कहा कि जब बड़े दुकानदार दुकान खोलते ही हैं तो और लॉक डाउन का किसी तरह से पालन नहीं होता है. ऐसी स्थिति में रोजाना 200 से ₹300 कमाने वाले छोटे दुकानदारों को भी दुकान खोलने का आदेश प्रशासन को देना चाहिए ताकि ऐसे लोगों की भी रोजी रोटी चल सके. भाकपा माले के नेता गौरीशंकर ने कहा कि प्रशासन की यह दो रंगी की नीति नहीं चलने वाली है. कानून और नियम सबके लिए बराबर होना चाहिए. जब बड़े लोग कमाते हैं तो छोटे लोगों को भी कमाने का पूर्ण अधिकार है.

