पटना: राजधानी के कंकड़बाग में पुलिस रेड के बाद गिरफ्तार लड़की ने जब अपनी पूरी आपबीती सुनाई तो हम दंग रह गये. उसने बताया कि कैसे एक अनाथ लड़की सड़क पर ठोकर खाने को मजबूर रही. और जमाने की बुरी नजर ने उसे कोठे पर बिठा दिया. फिलहाल वो पुलिस गिरफ्त में है. अब नई जिंदगी की शुरुआत करना चाहती है.
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!उसने बताया कि जब वह तीन साल की थी तब भीख मांग कर खाना खाती थी. किसी की बुरी नियत उस पर पड़ी और उसने उसे एक कोठे पर बेच दिया. वहां पर उसे हार्मोन बढ़ाने वाले इंसुलिन दिये जाते थे. वक्त से पहले वह बड़ी होती गई और उसके शरीर में बदलाव होने लगे.

उसने बताया कि जब वह 11 साल की हुई तो उसे ग्राहकों को बेच दिया जाता था. महिला कहती है कि वह ऐसी जिंदगी कभी भी नहीं चाहती थी…वह बार-बार ‘नरक’ शब्द का प्रयोग करती है. बाद में उसे रायपुर पहुंचा दिया गया जहां से वह परेशान होकर एक दिन अपनी तीन सहेलियों के साथ फरार हो गई.
वह कहती है कि रायपुर के कोठे पर पैसे भी नहीं दिये जाते थे. बल्कि सिर्फ खाना और कपड़े दिये जाते थे. बेबसी की मारी यह महिला रेड लाइट एरिया की दलदल में धंसती चली गई थी. कोठे से फरार होने के बाद भी कई चुनौतियां थीं.

ट्रेन में उसे एक लड़के ने शादी का झांसा दिया और बैंगलोर लेकर चला गया. लेकिन वक्त और मतलब बीत जाने के बाद उसने भी उसे कोठे पर छोड़ दिया. फिर भाग कर निकली तो वह पटना के वाट्सएप गैंग के चंगुल में फंस गई. फिलहाल महिला पुलिस गिरफ्त में लेकिन वह अपनी नई जिंदगी के लिए शादी करना चाहती है. एक नई जिंदगी बसाना चाहती है.
