भागलपुर : ट्रेन परिचालन बंद होने के बाद गुरुवार को भागलपुर स्टेशन में आम लोगो के प्रवेश पर पूरी तरह पाबंदी लगा दी गई है। स्टेशन का प्रवेश और निकास गेट को बांस से बैरिकेडिंग कर दिया गया है। स्टेशन और परिसर की सुरक्षा के लिए 24 घंटे सुरक्षा बलों की तैनाती की गई है। स्टेशन बिल्डिंग से लेकर परिसर व प्लेटफार्म की सुरक्षा में बल गुरुवार को तैनात दिखे। आरपीएफ इंस्पेक्टर अनिल कुमार सिंह और जीआरपी थानाध्यक्ष अरविंद कुमार सुरक्षा का जायजा लेते दिखे।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!इससे पहले स्टेशन के सभी कार्यालयों में ताला लगा दिया गया है। इसमें ट्रेन ऑपरेटिंग के लिए मात्र एएसएम और स्टेशन अधीक्षक कार्यालय को खुला रखा गया है। प्लेटफार्म स्थित जीआरपी व आरपीएफ पोस्ट पर भी स्टेशन की तरह विरानी छायी है। आरपीएफ इंस्पेक्टर ने बताया कि स्टेशन पर किसी के भी आने पर पूरी तरह से पांबदी है। नियम तोड़ने वालों के खिलाफ कारवाई और गिरफ्तार करने का आदेश दिया गया है। चीफ यार्ड मास्टर प्रमोद कुमार ने बताया कि गुड्स ट्रेनें चल रही है। हर दिन 10 से 12 गुड्स ट्रेनों का परिचालन हो रहा। ट्रेन लेकर पहुंचने वाले लोको पायलट को सैनिटाइजर से हाथ साफ कराया जा रहा है। वहीं, इंजन को सैनिटाइज किया जा रहा है।

लॉकडाउन के तीसरे दिन भी पुलिस चौक-चौराहों पर मुस्तैद दिखी। दो पहिया, चार पहिया और तीन पहिया वाहनों को पुलिस रोक रहे थी। जरूरी काम होने पर ही लोगों को जाने दे रही थी।
सुबह सिटी डीएसपी और कोतवाली इंस्पेक्टर राम एकबाल यादव चेकिंग के लिए एमपी द्विवेदी रोड पर पहुंचे। वहां सभी मेडिकल दुकानों में लोगों की भीड़ लगी थी। पुलिस ने माइकिंग कर लोगों को भीड़ हटाने की अपील की। वहीं, कोतवाली पुलिस ने सब्जी मंडी और लोहापट्टी में पहुंचकर किराना दुकान पर सामान ले रहे लोगों को बेवजह हंगामा करने को नहीं कहा।
पुलिस लाइन का किया निरीक्षण
भागलपुर : डीआइजी सुजीत कुमार ने गुरुवार को पुलिस लाइन का निरीक्षण किया। उनके साथ एसएसपी आशीष भारती भी थे। डीआइजी ने निरीक्षण के दौरान पुलिस वालों की समस्याएं सुनी। उन्होंने कहा कि जरूरी हुआ तो बाहर से ड्यूटी कर लौटने वाले पुलिस कर्मियों के रहने के लिए अलग व्यवस्था की जाएगी।
