नारायणपुर । प्रखंड के बलहा गंगा घाट में शनिवार की सुबह 10 लोगों को ले जा रही नाव डूब गई। नाव सवार नौ लोगों को डूबने से बचा लिया गया। वहीं एक किसान की डूबने से मौत हो गई।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!शनिवार की सुबह छोटी नाव पर सवार दस लोग फसल की तैयारी को लेकर गंगा दियारा बलहा चकरामी जा रहे थे। नाव पर क्षमता से अधिक लोग बैठने से नाव में पानी भरने लगा और नाव अनियंत्रित होकर डूब गई। इस दौरान तीन लोग गंगा में गहरे पानी में चले गये। सात लोग तिरपाल पकड़कर बाहर निकले। नाव डूबने का शोर मचने पर स्थानीय लोगों ने दो लोगों पानी से निकाला और ग्रामीण स्तर पर इलाज कर बचाया। वहीं बलहा गांव का 45 वर्षीय किसान लाल बहादुर सिंह को लोग नहीं निकाल पाए।
मौके पर सीओ सह आपदा पदाधिकारी अजय कुमार सरकार दल-बल के साथ पहुंचे। एनडीआरएफ टीम को सूचना दी गई। तब तक ग्रामीण वार्ड सदस्य चितरंजन सिंह ने स्थानीय गोताखोर के सहयोग से तीन घंटे बाद लाल बहादुर सिंह का शव बरामद कर किया। भवानीपुर पुलिस ने शव को अनुमंडलीय अस्पताल पोस्टमार्टम के लिये भेजा। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजन को सौंपा। नाव पर सवार पंच सुभाष सिंह ने बताया कि नाव पर ज्यादा सवार होने पर नाव अनियंत्रित होकर डूबने लगी। नाव पर फसल की तैयारी को लेकर जाने वाला तिरपाल को पकड़कर लोग ने जान बचायी। जिसमें तीन लोग गहरे पानी में चले गए। उनके पेट में पानी भर गया उन्हें ग्रामीण स्तर पर इलाज कर बचाया।

किसान की मौत के बाद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल था। परिजन ने बताया कि मृतक को दो पुत्र व दो पुत्री हैं। परिवार का भर पोषण मृतक करता था। नाव डूबने पर ग्रामीण स्तर पर हल्ला होने पर मुखिया प्रतिनिधि रमेश कुमार, अमरेंद्र यादव, रमेश सरपंच सहित अन्य लोग मौजूद थे।
सीओ सह आपदा पदाधिकारी अजय कुमार सरकार ने बताया कि मृतक के शव को तीन घंटा बाद स्थानीय स्तर पर निकाला गया। मृतक के परिजन को चार लाख का मुआवजा राजस्व कर्मचारी भरत कुमार झा की जांच पर दिया जाएगा।
