रंगरा : किसान रामचंद्र मंडल की हत्या अपराधियों द्वारा कर हत्या किए जाने के बाद एक तरफ साधोपुर गांव में दहशत का माहौल है तो ग्रामीणों के कुछ युवक काफी आक्रोशित भी हैं जिससे गांव का माहौल तनावपूर्ण हो गया है. कुछ युवकों ने बताया कि पुलिस हमेशा की तरह कुछ नहीं करेगी. पुलिस के प्राथमिकी दर्ज करने और पोस्टमार्टम करने के लिए आती है. हमलोग खून का बदला खून से लेंगे. युवकों ने कहा कि रामचंद्र मंडल एक सभ्य और मुख्यधारा में रहने वाला किसान था. वह छोटे से रकवे में खेती कर अपने परिवार का जीविकोपार्जन करता था.
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!अपराधियों ने उसकी हत्या क्यों कर दी यह समझ से बाहर है. उनलोगों का पुलिसिंग से विश्वास उठ गया है. अब कानून हाथ में लेना ही एक मात्र विकल्प है. कई युवकों ने नाम न छापने की अपील की है तो कुछ ने निडरता पूर्वक नाम छाप देने की भी अपील की है. युवकों ने कहा कि कोसी किसी की बपौती नहीं है. कोसी धार में कोई भी शिकारमही कर सकता है. फिर अपराधी जाल गिराकर यह कहने वाले कौन होते हैं कि इतनी दूरी तक जलकर उनका है.

गहरे सदमे में हैं परिजन
किसान रामचंद्र की मौत के बाद पूरा परिवार गहरे सदमे हैं. रामचंद्र पर ही उसके पूरे परिवार की जिम्मेदारी थी. मृतक के तीन पुत्रों में एक गुड्डू कुमार नवगछिया के एचडीएफसी बैंक में कार्यरत है. दूसरा पुत्र शैलेश कुमार बीए पार्ट में है तो सबसे छोटा पुत्र वरूण कुमार भी बीए पार्ट में पढ़ता है. मृतक की पत्नी किरण देवी का रो रो कर बुरा हाल है.
किरण देवी का कहना है कि आज तक किसी के साथ झगड़ा नहीं किया. किसी के प्रति बैर भी नहीं रखा. फिर अपराधियों ने उसके पति की इतनी दर्दनाक हत्या क्यों कर दी. किरण रोने के क्रम में लगातार अपराधियों को कोसे जा रही है. दूसरी तरफ मृतक का भाई हृदयनारायण मंडल, रामनाथ मंडल भी गहरे सदमे हैं. रामचंद्र अपने भाईयों में सबसे बड़े थे
