नवगछिया : रविवार देर रात आयी आंधी पानी ने मक्के की फसल को पूरी तरह से तबाह कर दिया है. मालूम हो कि पांच दिन पहले आयी आंधी में इलाके में 50 फीसदी मक्के की फसल बरबार हो गयी थी लेकिन रविवार को देर रात आये चक्रवात ने मक्के की फसल को पूरी तरह से तबाह कर दिया है. इलाके में आंशिक रूप से ही मक्के की फसल सुरक्षित है. सोमवार को सुबह होते ही जैसे ही इलाके के किसान अपने अपने खेत पर गये तो मक्के की फसल को जमीन पर बिछा देख उनके होश फाख्ता हो गये. कई किसान खेतों में ही फूट फूट कर रोने लगे. पांच दिन पहले आये आंधी पानी में गोपालपुर, रंगरा और नारायणपुर इलाके के किसानों की क्षति हुई थी.
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!इस बार अनुमंडल के हरेक प्रखंड में भयानक तबाही देखी जा रही है. किसानों का कहना है कि इस बार मक्के की फसल काफी अच्छी थी अगर फसल को वे लोग घर तक लाने में सक्षम होते तो उनलोगों को लॉक डाउन की आर्थिक मंदी का भी असर नहीं पड़ता लेकिन प्रकृति ने सब कुछ बरबार कर दिया. आंधी पानी में केले की फसल को भी व्यापक नुकसान हुआ है. जयरामपुर गांव के किसानों परमानंद सिंह, बासुकी प्रसाद सिंह, राजकिशोर सिंह, सुनील चौधरी, प्रमोद सिंह, गगन चौधरी, अनिल कुमार, ललित चौधरी, सुबोध सिंह, रामकुमार चौधरी ने कहा कि सिर्फ जयरामपुर गांव के किसानों को पचार करोड़ से अधिक की क्षति हुई होगी.

जयरामपुर गांव के किसान भाजपा नेता आलोक कुमार सिंह बंटू ने कहा कि किसानों की स्थिति दयनीय हो गयी है. कई किसान आत्महत्या करने के स्टेज में हैं. अगर जल्द से जल्द किसानों को राहत नहीं दिया गया तो सेठ साहूकारों और बैंक का कर्ज किसानों की जान ले लेगा. आलोक बंटू ने कहा कि उन्होंने पूरे मामले से कृषि मंत्री प्रेम कुमार को दूरभाष से अवगत कराया है. उनके स्तर से साकारात्मक आश्वासन मिला है. इस्माइलपुर में किसानों की बुरी स्थिति देख जिला पार्षद युवा नेता विपिन कुमार मंडल के नेतृत्व में प्रखंड कृषि पदाधिकारी ने विभिन्न् मक्का खेतों का मुआयना किया है.
जिला पार्षद ने कहा कि नवगछिया अनुमंडल में हुए मक्के की फसल की तबाही को देखते हुए उन्होंने कृषि पदाधिकारी के साथ मुआयना कर पूरे मामले से सीएम को अवगत कराया है. तुलसीपुर के किसान पुत्र युवा नेता सज्जन भारद्वाज ने कहा कि किसानों के लिए यह त्रासदी कोरोना वायरस से भी ज्यादा खतरनाक है. यह तबाही किसानों को दस साल पिछे ले कर चला गया है. जल्द से जल्द किसानों के लिए मुआवजे की घोषणा करना सरकार का दायित्व है. इधर अनुमंडल के किसानों ने पीएम मोदी और सीएम नीतीश कुमार को त्राहिमान संदेश भेज कर विकट परिस्थिति में मदद करने की गुहार लगायी है
