
नवगछिया: नवगछिया के नगरह वैसी गांव के महाशमशानी काली मंदिर परिसर में आयोजित श्रीशतचंडी महायज्ञ एवं श्रीराम कथा महामज्ञ के तीसरे दिन नवगछिया के प्रसिद्ध संत परमहंस स्वामी आगमानंद जी महाराज ने अपने प्रवचन में कहा कि मनुष्य का जन्म कब किस आम आ जायेगा. यह परमात्मा के सिवा कोई नहीं जानता. बाबा श्रीराम केवट प्रसंग सुना रहे थे. बाबा ने कहा कि केवट ने श्रीराम, माता जानकी और भ्राता लक्ष्मण को एक छोटी सी नदी को पार करवा कर जो पुण्य को प्राप्त किया इस तरह के पुण्य को प्राप्त करने में संत महात्मा घनघोर तप करके भी असफल रहते हैं. बाबा ने कहा कि मुख से राम नाम निकल जाना इश्वर की विशेष कृपा है. बाबा ने कहा कि काम, क्रोध, लोभ और मोह तो माया है. ऐसी विसंगती को अध्यात्म के रास्ते पर चल कर संतो की संगत कर, सतसंग में जाने से समाप्त हो सकता है. यज्ञ के तीसरे दिन योग प्रशिक्षक नवीन कुमार सिंह द्वारा योग ज्ञान शिविर का आयोजन किया गया. जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लिया.
