खगडि़या : प्रख्यात गांधीवादी नेता अन्ना हजारे एक बार फिर बिहार पहुंचे हैं। यहां वे किसानों की समस्या को लेकर एक जनसभा को संबोधित किया। कहा कि आज किसानों की माली हालत यह है कि माल खाये मदारी और नाच करे बंदर। मैं फकीर आदमी हूं, लेकिन दो-दो सरकारें गिरा दी।
अन्ना ने कहा कि मैं 80 वर्ष का हूं। चुनाव लड़ने नहीं आया हूं। वोट मांगने नहीं आया हूं। 25 वर्ष की उम्र में शादी नहीं करने का फैसला किया था। कुछ नहीं रखता हूं। सोने का बिस्तर और खाने का प्लेट, यही दो चीज हमारे पास है। इंसान को भगवान ने सेवा करने के लिए जन्म दिया है, इसलिए सेवा में जुटा रहता ह
उन्होंने आगे कहा कि फकीर आदमी हूं, लेकिन दो सरकारें गिरा दी। जब-जब मुझे जेल में डाला सरकार गिर गई।खगडिय़ा जिला मुख्यालय के जेएनकेटी मैदान में किसान विकास मंच की ओर से कार्यक्रम का आयोजन किया गया है।

इसमें शामिल होने के लिए अन्ना हजारे को बुलाया गया था। खगडि़या पहुंचने पर अन्ना हजारे का जोरदार स्वागत किया गया। कार्यक्रम में शामिल होने से पहले वे परिसदन पहुंचे। यहां चावल-दाल, आलू-गोभी-मटर और परवल की सब्जी खायी। कुछ देर अाराम करने के बाद उन्होंने सभा का अन्ना हजारे ने परिसदन से जेएनएनकेटी मैदान की ओर प्रस्थान करते हुए कहा कि जनता मालिक है। हम लोगों को जागृत करने निकले हैं। आंदोलन संविधान में दिया अधिकार है। अन्ना अन्याय सहन नहीं करता है।
