गिरफ्तार दोनों आरोपियों ने पुलिस के समक्ष कहा- वे लोग हथियारों के खुदरा कारोबारी हैं, कोई और है थोक विक्रेता
विषहरी मंदिर रोड के बटन व्यवसायी मुमताज मोहल्ला निवासी मो शाहरुख उर्फ शमीम अंसारी और भगतपट्टी स्थित रेडीमेड कपड़ा व्यवसायी नवगछिया के चैती दुर्गा स्थान निवासी सनी उर्फ सोनू कुमार साह की गिरफ्तारी और अवैध हथियार बरामद होने के बाद नवगछिया में हर कोई आश्चर्य चकित है।
नवगछिया में हथियार काराेबार में बड़े सिंडिकेट के सक्रिय होने की आशंका

नवगछिया बाजार में इन दिनों हथियार कारोबार से जुड़े एक बड़े सिंडिकेट के सक्रिय होने की आशंका है। कई लोगों ने अपना नाम ना छापने की शर्त पर बताया है कि पिछले दिनों हथियार के एक बड़े खेप की डिलीवरी नवगछिया बाजार में की गयी है। दूसरी तरफ इस बात की भी जानकारी मिली है कि मो. शाहरुख खुदरा विक्रेता नहीं बल्कि इस सिंडिकेट का एक बड़ा हिस्सा है। सूत्र यह भी बता रहे हैं कि शाहरुख ने इन दिनों ऋण लेकर इस कारोबार को खड़ा किया है। नवगछिया बाजार, शहर और आसपास के क्षेत्रों के करीब 10 से भी ज्यादा लोग इस सिंडिकेट के सक्रिय सदस्य हैं। हालांकि दो गिरफ्तारी के बाद इस सिंडिकेट की कमर टूट चुकी है। पूरे सिंडिकेट का पर्दाफाश ना भी हुआ तो फिलहाल यह सक्रियता से काम नहीं कर पाएगा। मोहम्मद शाहरुख बटन का व्यवसाई है और उसके दुकान की अच्छी खासी बिक्री थी। जबकि सनी का कपड़ा व्यवसाय भी ठीक-ठाक चल रहा था।
पुलिस ने सरगना रंजीत के ठिकाने पर छापेमारी की, फरार हुआ
मालूम हो कि पुलिस ने दोनों की गिरफ्तारी के बाद दो देशी पिस्तौल, एक देशी कट्टा, एक सिक्स राउंड पिस्टल, 15 कारतूस, एक खोखा और दो मोबाइल बरामद किया है। दोनों की गिरफ्तारी के बाद नवगछिया पुलिस जिले के वरीय पुलिस पदाधिकारियों ने दोनों से सघन पूछताछ की है। जिसमें दोनों ने पुलिस के समक्ष हथियार के व्यवसाय से जुड़े जरायम कारोबार के संदर्भ में कई बातों को उगल दिया है। दोनों ने इस बात को स्वीकार किया है कि वे दोनों हथियार के खुदरा विक्रेता है। प्रति पीस पिस्टल एक से दो हजार रुपये का लाभ लेकर वे ग्राहकों को देते हैं। जबकि इस धंधे का सरगना नवगछिया के ही रंजीत नाम का एक व्यक्ति है। दोनों की निशानदेही पर पुलिस ने रंजीत के ठिकाने पर छापेमारी की। लेकिन रंजीत अपने ठिकाने से फरार पाया गया।
