भागलपुर : नेपाल से मस्ती कर लौटे पार्षद डर के मारे नहीं गए घर, चेहरा ढक कर घूम रहे इधर-उधर
,, शहर की जनता नेपाल में मौज उड़ाते पार्षदों को सोशल मीडिया पर खूब ट्रोल कर रहे हैं, पार्षदों की इस हरकत पर तरह-तरह की टिप्पणियां भी कर रहे हैं
भागलपुर – अविश्वास प्रस्ताव की सियासत में सैर के लिए नेपाल गए पार्षदों के शहर लौटने की सूचना है। वे किसी को अपना मुंह दिखाने से बच रहे हैं। नेपाल प्रवास के दौरान बनी उनकी मस्ती वाली वीडियो वायरल होने से डर के मारे वे अपने घर भी नहीं गए। होटल में ही रात गुजारना मुनासिब समझा। शाम को कुछ पार्षद मुंह ढककर नगर निगम पहुंचे। उन्होंने उपस्थिति भी दर्ज कराने की कोशिश की। वहीं, शहर की जनता नेपाल में मौज उड़ाते पार्षदों को सोशल मीडिया पर खूब ट्रोल कर रहे हैं। पार्षदों की इस हरकत पर तरह-तरह की टिप्पणियां भी कर रहे हैं।
खुद को कोस रहे लोग
अपने जनप्रतिनिधि का असली चेहरा सामने देख वार्ड के लोग भी खुद को कोस रहे हैं। गलत पार्षद चुनकर यहां के लोग अपने को ठगा महसूस कर रहे हैं। नाम नहीं छापने की शर्त पर कुछ लोगों ने बताया कि दो ऐसे जनप्रतिनिधि से सबक लेने की जरूरत है।


पार्षदों ने कहा, शर्मसार करने घटना
सोमवार को पार्षद डॉ. प्रीति शेखर, विधुवाला सिंह और अशोक पटेल नगर आयुक्त से मिलने पहुंचे थे। इस दौरान डॉ. प्रीति शेखर ने कहा, वीडियो को देखा है। इससे भावना आहत हुआ है। इससे पूरा पार्षद परिवार आहत है। जनता ने चुना है और उनके सुख-दुख में शामिल होना पार्षदों का दायित्व है। जनप्रतिनिधि की अपनी र्यादा होती है। वो जनता के रोल मॉडल होते है। प्रशासन को 24 घंटे के अंदर पार्षदों की आपात बैठक बुलाना चाहिए। सीएम से मेयर का सीधा चुनाव कराने का कानून लाने की मांग की जाएगी। इस तरह की घटना से पार्षद शर्मसार होते हैं। उन्होंने कहा कौन क्या करता है यह उसका निजी मामला हो सकता है। वहीं दूसरी ओर कांग्रेस के जिला महासचिव मिंटु कुरैशी ने प्रमंडलीय आयुक्त को पत्र लिखकर अविश्वास प्रस्ताव की कार्रवाई को स्थगित करने की मांग की है।
