बिहपुर। प्रखंड क्षेत्र में संचालित निजी नर्सिंग होम, पैथोलॉजी, अल्ट्रासाउंड और एक्स-रे जांच केंद्रों पर शनिवार को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) की टीम ने छापेमारी की। जांच के दौरान कई जगह गंभीर अनियमितताएं सामने आईं। टीम ने संबंधित संचालकों को 24 घंटे के भीतर रजिस्ट्रेशन सहित अन्य आवश्यक कागजात प्रस्तुत करने का निर्देश दिया है।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!जांच के दौरान सोनवर्षा स्थित जेआर हॉस्पिटल में टीम पहुंची, लेकिन संचालक मौके से फरार मिला। वहां मौजूद दो प्रशिक्षु स्टाफ और एक कर्मचारी से कागजात मांगे गए, लेकिन वे कोई वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सके।
वहीं मां लक्ष्मी नर्सिंग होम में जांच के दौरान एनबीसीसी रूम में एक नवजात मिला। हालांकि, संचालक टीम को आवश्यक कागजात नहीं दिखा सका। आरोप है कि अन्य कमरों को भी बंद कर दिया गया, जिससे जांच टीम को निरीक्षण में परेशानी हुई।

मां शारदे नर्सिंग होम में भी कई गंभीर खामियां पाई गईं। जांच के समय संचालक अमित कुमार अनुपस्थित थे। उनकी पत्नी ने भी टीम को जांच में अपेक्षित सहयोग नहीं दिया। यहां तीन महिलाओं का सिजेरियन प्रसव कराया गया था, लेकिन मौके पर न तो कोई डॉक्टर मौजूद था और न ही कोई प्रशिक्षित नर्स।
इसके अलावा साक्षी एक्स-रे केंद्र की जांच में भी वैध कागजात उपलब्ध नहीं पाए गए। वहीं मां उर्मिला नर्सिंग होम में भी टीम को कई गड़बड़ियां मिलीं।
छापेमारी दल में चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. विवेक केजरीवाल, डॉ. रोशन कुमार, प्रखंड स्वास्थ्य प्रबंधक मनीष कुमार भट्ट एवं बीसीएम शमशाद आलम शामिल थे।
चिकित्सा पदाधिकारी ने कहा कि सभी संबंधित संचालकों को 24 घंटे के भीतर रजिस्ट्रेशन और अन्य जरूरी कागजात उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया है। ऐसा नहीं करने पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
