नवगछिया : न्यायालय कांड के दूसरे दिन ही दो आरोपियों के गिरफ्तारी के बाद पुलिस द्वारा की जा रही है कार्रवाई जगजाहिर नहीं होने से आमलोगों के बीच एक आम चरचा शुरू हो गयी है कि कहीं पुलिस ने इस कांड को ठंडे बस्ते में तो नहीं डाल दिया. लेकिन पुलिस इस घटना की बात पूछे जाने पर बता रही है कि इस कांड में पुलिस का अनुसंधान सही दिशा में हैं और जल्द ही इस घटना की पूरी कहानी लोगों के सामने लायी जायेगी और सभी अपराधियों को भी गिरफ्तार कर लिया जायेगा.
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!इधर न्यायालय परिसर में भी कांड के रहस्यों को लेकर चरचा का माहौल गर्म है तो दूसरी तरफ कुछ डेली वेजेज पर कार्य करने वाले न्यायालय कर्मी शनिवार को न्यायालय नहीं आये. जानकारी मिली है कि ऐसे कर्मियों को सहयोग के लिए रखा जाता है जिसका न्यायालय में किसी प्रकार का रिकार्ड नहीं रहता है. ऐसे कर्मियों को रोजाना के हिसाब से मेहनाता दिये जाते हैं. जानकारी मिली है कि विभिन्न तरह की चरचा के बीच डेली वेजेज पर कार्य करने वाले कर्मी न्यायालय नहीं आये.

इधर शनिवार को मामले की समीक्षा करने जिला जल के नवगछिया न्यायालय आने की संभावना है. जानकारी मिली है कि जिला जल न्यायिक पदाधिकारियों के साथ कांड की समीक्षा करेंगे और किस तरह के अभिलेख जला कर नष्ट किये गये इस बात की भी समीक्षा करेंगे.

पूर्व सांसद ने की मामले की उच्च न्यायालय से जांच कराने की मांग
भाजपा नेता पूर्व सांसद अनिल यादव ने कहा कि न्यायालय में इतनी बड़ी घटना का होना लोकतंत्र के खतरा है. इस कांड में असली अपराधी के बच जाने की संभावना बलवती है. ऐसे में मामले की जांच उच्च न्यायालय ममाले में हस्क्षेप कर खुद जांच करे और इसमें शामिल सभी अपराधियों को सजा देने का काम करे. पूर्व सांसद ने कहा कि इलाके के शातिर अपराधियों के एक जमात ने इस तरह की घटना को अंजाम दिया है. यह घटना किसी भी सूरत में क्ष्मय नहीं है.

न्यायालय कांड की जांच को लेकर जेल में छापेमारी
न्यायालय कांड की गुत्थी सुलझाने के लिए शुक्रवार को देर रात नवगछिया एसडीपीओ प्रवेंद्र भारती के नेतृत्व में नवगछिया उपकारा में सघन छापेमारी की गयी. जानकारी मिली है कि पुलिस ने उपकारा में कई विचाराधीन शातिरों से घटना के संदर्भ में जानकारी ली है. छापेमारी के दौरान पुलिस को खैनी की पुरिया, चुनौटी और चीलम बरामद किया गया है. जानकारी मिली है कि पुलिस को शातिर अपराधियों से पूछ ताछ के दौड़ान कई तरह के अहम सुराग हाथ लगे हैं. छापेमारी में एसडीपीओ प्रवेंद्र भारती के साथ डीसीएलआर सुरेंद्र कुमार अलबेला, नवगछिया थानाध्यक्ष सत्येंद्र प्रसाद सिंह, परवत्ता, गोपालपुर, नवगछिया व रंगरा थानों की पुलिस भी थी.
