कजरैली से आयी बारात में नाथनगर थानाक्षेत्र के मनसकामना नाथ मंदिर क्षेत्र के 60 लुटेरों ने बुधवार की आधी रात में जमकर तोड़फोड़ की। इस दौरान बारात में शामिल कार में तोड़फोड़ करते हुए ड्राइवर को बुरी तरह से मारपीट कर घायल किया। इसके बाद उपद्रवियों ने मनसकामना नाथ मंदिर में घुसकर करीब 45 मिनट तक जमकर लूटपाट की और महिलाओं को मारपीट कर उनका जेवर-मोबाइल आदि को लूट लिया।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!महिलाओं ने कहा कि दौरान बदमाशों ने दुर्वव्यवहार भी किया। इस दौरान करीब एक दर्जन पुरुषों को मारपीट कर उनका सिर फोड़ डाला और आधा दर्जन महिलाओं को मारापीटा गया। सूचना मिलने पर नाथनगर व कोतवाली थाने की पुलिस पहुंची, तब तक लुटेरे अपना काम करके फरार हो चुके थे।

कजरैली से आयी थी बारात
कजरैली निवासी महेश साह के बेटे आलोक की शादी नाथनगर निवासी सुबोध साह के बेटी अन्नू साह के साथ तय थी। बारात बुधवार की रात में आयी थी और मनसकामना नाथ मंदिर में शादी का कार्यक्रम चल रहा था। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, बुधवार की रात करीब 12 बजे मंदिर के बाहर खड़ी मारूति कार के पास पांच स्थानीय युवक पहुंचे और ड्राइवर से बहस करने लगे। इसी दौरान ये युवक कार के ड्राइवर को मार पीटकर बुरी तरह से घायल कर दिया। ड्राइवर मौके से फरार हो गया। इसके बाद उपद्रवियों ने कार में लूटपाट करते हुए कार में तोड़फोड़ की। इसके बाद इन युवकों के साथ करीब साढ़े चार दर्जन और स्थानीय युवक आ पहुंचे।

बारातियों के अनुसार, इन युवकों के हाथ असलहे, तलवार, लाठी-डंडा आदि थे। इन सबने पहले मनसकामना नाथ मंदिर में रखे कुर्सियों को तोड़ना शुरू किया। इस दौरान जो भी बाराती सामने आया वह इनके हाथों बुरी तरह पिटा। इस मारपीट में बाराती पक्ष से रमेश साह (32 वर्ष) व माधव साह (52 वर्ष) निवासीगण कजरैली, अमन कुमार साह (22 वर्ष) निवासी अलीगंज समेत एक दर्जन बारातियों को मारपीट कर उनका सिर फोड़ दिया। इसके बाद लुटेरे ने मंदिर के पहले व दूसरे तल में ठहरे महिलाओं के पास पहुंचे।

इस दौरान बारात पक्ष से जुड़ी नीलम देवी, पूजा कुमारी, सरस्वती देवी समेत करीब 12 महिला, युवती और किशोरियों को बुरी तरह से मारापीटा और उनके गले में पड़ा सोने का जेवर व लॉकेट लूट लिया। आरोप है कि इस दौरान महिलाओं के साथ छेड़खानी की और मंदिर के बाहर खड़े करीब 6 बाइक और एक और कार को क्षतिग्रस्त कर दिया। लूट, मारपीट व उपद्रव का यह सिलसिला रात 12:45 बजे तक चला। बारात में शामिल रजत ने आरोप लगाया कि उन्होंने रात में दस बार ललमटिया पुलिस को कॉल किया, लेकिन फोन तक नहीं उठाया गया। पौने एक बजे भारी संख्या में पुलिस पहुंची, लेकिन तब तक उपद्रवी फरार हो चुके थे।
दहशत ऐसा कि मंदिर के बाहर नहीं निकल रहे थे बाराती
बारात में शामिल नीलम देवी, पूजा कुमारी, पंकज कुमार समेत करीब 60 से 70 बाराती इस घटना के बाद बुरी तरह से दहशत में थे। मंदिर के बाहर पुलिस मौजूद थी लेकिन कोई बाराती मंदिर के बाहर धर्मशाला से नीचे नहीं उतर रहा था। इस दौरान बाराती महिला-पुरूष हर आने-जाने वाले लोगों से पुलिस बुलाकर अपनी रक्षा की गुहार लगा रही थी। नीलम देवी ने कहा, पुलिस बुला कर हमारी रक्षा करवा दीजिये। गुंडे बाहर खड़े होंगे, हम लोग घर कैसे जाएंगे।
