भागलपुर| हिंदू पंचांग की ग्यारहवीं तिथि को एकादशी कहते हैं। प्रत्येक महीने में एकादशी दो बार आती है। एक शुक्ल पक्ष के बाद और दूसरी कृष्ण पक्ष के बाद। पूर्णिमा के बाद आने वाली एकादशी को कृष्ण पक्ष की एकादशी और अमावस्या के बाद आने वाली एकादशी को शुक्ल पक्ष की एकादशी कहते हैं।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!प्रत्येक पक्ष की एकादशी का अपना अलग-अलग महत्व है। वैसे तो हिंदू धर्म में ढेर सारे व्रत हैं, लेकिन इन सब में एकादशी व्रत सबसे उत्तम माना जाता है। ज्योतिषाचार्य पंडित दयानंद पाण्डेय ने बताया कि हिंदू धर्म में एकादशी व्रत की बहुत अधिक मान्यता रही है।
इस व्रत को रखने की एक मान्यता यह भी है कि इससे पूर्वजों या पितरों को स्वर्ग की प्राप्ति होती है। इस साल 21 जुलाई से दिसंबर तक 12 एकादशी व्रत है। दिसंबर महीने में इस बार तीन एकादशी पड़ेगी।

