पटना: राजभवन की ओर से नयी नियुक्ति नियमावली में संशोधन के बाद विश्वविद्यालयों व कॉलेजों में असिस्टेंट प्रोफेसरों की नियुक्ति प्रक्रिया शुरू करने की कवायद तेज हो गयी है. बिहार राज्य विश्वविद्यालय सेवा आयोग ने इसकी प्रक्रिया पर मंथन शुरू कर दिया है. इधर रिक्तियों के लिए फाइनल रोस्टर एक-दो दिनों में जारी हो जायेगा. सितंबर के प्रथम सप्ताह में राज्य सरकार रिक्तियां विश्वविद्यालय सेवा आयोग को भेज देगी. इसके तत्काल बाद आयोग विज्ञापन जारी करेगा.
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!साढ़े चार हजार से अधिक असिस्टेंट प्रोफेसरों की नियुक्ति
जानकारों के मुताबिक साढ़े चार हजार से अधिक असिस्टेंट प्रोफेसर नियुक्त किये जाने हैं. इंटरव्यू के लिए रिक्तियों के तीन गुना अधिक अभ्यर्थियों को बुलाया जायेगा. अगर आवेदकों की संख्या कम रहती है तो इंटरव्यू के लिए इससे कम अभ्यर्थी भी बुलाये जा सकते हैं.

सात सप्ताह के अंदर रिजल्ट
आयोग ने गहन मंथन के बाद मंशा बनायी कि एक दिन में दो शिफ्ट (सुबह और शाम) को इंटरव्यू लिया जायेगा. सूत्रों के मुताबिक विज्ञापन जारी होने के बाद आवेदन के लिए तीन हफ्ते का सामय दिया जा सकता है. स्क्रीनिंग में करीब दो हफ्ते लगेंगे. तैयारी है कि विज्ञापन जारी होने के अधिकतम सात सप्ताह के अंदर रिजल्ट जारी कर दिया जाये. हालांकि, इस बारे में औपचारिक निर्णय होना अभी बाकी है.
राज्य विश्वविद्यालय सेवा आयोग ने शुरू कीं तैयारियां
विज्ञापन से लेकर रिजल्ट जारी करने और नियुक्ति की अनुशंसा तक सभी ऑनलाइन ही की जायेगी. यहां तक कि कॉल लेटर भी ऑनलाइन ही जारी होंगा. ऐसा राज्य विश्वविद्यालय सेवा आयोग के इतिहास में पहली बार होगा. जानकारी के मुताबिक बीपीएसएसी में भी केवल आवेदन ही ऑनलाइन मंगाये जाते हैं. शेष प्रक्रिया मैन्युअल ही की जाती है.
