नवगछिया : नवगछिया प्रखंड के खगड़ा में चल रहे नौ दिवसीय श्री शतचंडी महायज्ञ और श्री रामकथा महायज्ञ के छठे दिन बलवीर सिंह बग्घा, माधवानंद ठाकुर, पवन दुबे ने भक्ति संगीत की धारा बहा दी. भगवान राम के बाल लीला पर भजनों को सुनकर सभी थिरकने लगे. श्री रामचंद्राचार्य परमहंस स्वामी आगमानंद जी महाराज ने सीता जन्म की कथा सुनाई. स्वामी आगमानंद ने कहा कि भगवान राम ने विद्या अध्ययन के दौरान कई का उद्धार किया. उपनयन संस्कार की कहानी सुनाई.
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!उन्होंने कहा कि राम स्वयं भगवान विष्णु हैं, इसके बावजूद उन्होंने इस धरा में मानव के रूप में सारे कार्य किए. कभी भी उन्होंने अपनी शक्ति का लोगों का एहसास नहीं कराया. उन्होंने कहा कि आज थोड़ा सा किसी को पैसा हो जाए या प्रतिष्ठा मिल जाए तो उन्हें अहंकार आ जाता है. इसलिए आज के समय में भगवान राम के जीवन से हमें ज्यादा सीख लेने की जरुरत है. वे मर्यादा पुरूषोत्तम हैं. वे सबको साथ लेकर चले. इसलिए आज रामराज की हर जगह चर्चा होती है. राम एक आदर्श राजा थे. वे वसुधैव कुटुंबकम् के पोषक थे. स्वामी आगमानंद ने कहा कि श्रीरामचरितमानस को राष्ट्रीय ग्रंथ घोषित किया जाए.
अष्टमी को होगा सुंदरकांड पाठ
मंगलवार को महाष्टमी के दिन कथा मंडप पर दो बजे से सुंदरकांड पाठ होगा. भजन सम्राट प्रो हिमांशु मोहन मिश्र दीपक, प्रो डा. मिहिर मोहन मिश्र सुमन और दिलीप शास्त्री सुंदर कांड पाठ करेंगे. बुधवार को रामनवमी है. इस दिन यहां भगवान राम का जन्मोत्सव मनाया जाएगा. साथ ही स्वामी आगमानंद जी महाराज का भी अतवरण दिवस मनाया जाएगा.

यज्ञ समिति के युवा द्वारा आज विशेष भंडार का आयोजन किया गया. कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए कमिटी के अध्यक्ष पंडित शंभू नाथ वैदिक, सचिव मुन्ना सिंह, कोषाध्यक्ष अरुण सिंह, महामंत्री पन्ना लाल सिंह सहित कई युवा कार्यकर्ता मौजूद रहे.
