खरीक : खरीक थाना क्षेत्र के नागरटोला में गुरुवार को नाला विवाद को लेकर दो संप्रदाय के बीच तकरार हो गई और पुलिस के सामने दोनों पक्षों की ओर से जमकर रोड़ेबाजी हुई जिसमें आधा दर्जन से अधिक लोग जख्मी हुए हो गए. जख्मी लोगों का उपचार खरीक पीएचसी में कराया जा रहा है. पत्थरबाजी होने से हाई लेवल की ओर से खरीक इमली चौक तक जाने वाली सड़क परा परा तफरी मच गई .
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!लोग इधर-उधर भागने लगे.कई महिलाएं भी चोटिल हुई है. पत्थरबाजी की सूचना मिलने पर खरीक अंचलाधिकारी निलेश कुमार चौरसिया दल बल के साथ मौके पर पहुंचे फिर भी दोनों पक्ष मानने को तैयार नहीं हुए पुलिस प्रशासन की मौजूदगी में फिर दोबारा एक पक्ष की ओर से पत्थरबाजी शुरू हो गई जिससे अफरा तफरी मच गई और कई लोग चोटिल भी हुए.नागरटोला में दो पक्षों के बीच तनाव काफी बढ़ गया.पत्थरबाजी से हिंसक झड़प होने की नौबत आ गई थी.

पत्थरबाजी शुरू होने से जान बचाने के लिए लोग अपने-अपने घरों की ओर भागने लगे. बिगड़ते हालात को काबू करने के लिए नवगछिया पुलिस जिला के पुलिस कप्तान निधि रानी और अनुमंडल पदाधिकारी मुकेश कुमार के नेतृत्व में पूरे अनुमंडल के विभिन्न थानों की पुलिस पदाधिकारी, अंचलाधिकारी, प्रखंड विकास पदाधिकारी और स्थानीय जन प्रतिनिधि गण के साथ स्थल पर पहुंच कर शांति व्यवस्था बनाए रखने को लेकर लगातार कैंप कर रही है.
नागरटोला में दो संप्रदाय के बीच तनाव का क्या है मामला
मुख्यमंत्री नल जल योजना के तहत नागरटोला में उस्मानपुर पंचायत के मुखिया और वार्ड विकास समिति के द्वारा नाला निर्माण करने का कार्य किया जा रहा है. अल्पसंख्यक समुदाय के लोग नाला को सड़क से पूरब कलबलिया धार में निकास निकालना चाह रहा था. इस बाबत एक पक्ष के लोगों ने सड़क के पूरब नाला बनाने के लिए जमीन मालिक की स्वीकृति लिए बगैर निर्माण कार्य शुरू करने के लिए नाला की खुदाई का कार्य शुरू कर दिया. निजी जमीन में एक पक्ष द्वारा नाला बनाने की सूचना मिलने पर दूसरे पक्ष के लोग समूह में निर्माण स्थल पर पहुंच कर नाला निर्माण खुदाई कार्य का विरोध जताया और काम को रोक दिया. जमीन मालिक बहादुर शर्मा द्वारा काम को रोके जाने से बौखलाए अल्पसंख्यक समुदाय के लोगों ने समूह बनाकर विरोध जताया.
ग्रामीणों का कहना है की अस्थल पर खरीक पुलिस के एएसआई मंजर खान की मौजूदगी में नाला की खुदाई शुरू होने से जमीन मालिक के तरफ से विरोध जता रहे दूसरे पक्ष के लोगों ने जमकर विरोध जताया और उसी समय दोनों पक्षों की ओर से पत्थरबाजी शुरू हो गई.स्थिति को नियंत्रित करने के लिए खरीक थाना अध्यक्ष सुदीन राम दल बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे उस समय खरीक अंचलाधिकारी निलेश कुमार चौरसिया भी मौके पर पहुंच चुके थे. खरीक पुलिस प्रशासन की मौजूदगी में दोनों पक्ष की ओर से दुबारा पत्थरबाजी की घटना हुई. हालात बिगड़ते देख खरीक पुलिस और अंचलाधिकारी निलेश कुमार चौरसिया ने नवगछिया एसपी निधि रानी और अनुमंडल पदाधिकारी मुकेश कुमार को घटना की सूचना दी.
दो पक्षों के बीच हुई पत्थरबाजी की सूचना मिलने पर नवगछिया एसपी निधि रानी और अनुमंडल पदाधिकारी मुकेश कुमार दल बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे. पुलिस प्रशासनिक पदाधिकारियों ने घटनास्थल का मुआयना किया और विवादित नालें की निकासी के लिए स्थानीय जनप्रतिनिधियों पूर्व जिला पार्षद विजय मंडल तेलघी मुखिया प्रतिनिधि सुमित कुमार ध्रुबगंज मुखिया प्रतिनिधि कमरुज्जमा अंसारी मिरजाफरी मुखिया मोहम्मद आबिद खरीक बाजार मुखिया प्रतिनिधि संजय चौधरी उप प्रमुख शंकर साहनी समेत अन्य स्थानीय जनप्रतिनिधियों की मौजूदगी में पुलिस पब्लिक मीटिंग कर मामले का समाधान किया.
दोनों पक्ष निर्णय को मानने के लिए तैयार हो गए और नाला की निकासी चापाकल के समीप सड़क से पूर्व तय कर दिया गया साथ ही आश्वस्त किया नाला स्थल पर गरा चापाकल को उखड़वाकर पंचायत स्तर से नया चापाकल लगवा दिया जाएगा .दोनों पक्ष की ओर से ग्रामीणों ने कहा कि अब नाला को लेकर हम लोगों में कोई कोई विवाद नहीं है.हम लोग भाईचारगी के साथ रहेंगे.
एसपी ने कहा
स्थल पर पहुंची नवगछिया एसपी निधि रानी ने कहा कि कानून को हाथ में लेने के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज की जाएगी. फिलहाल स्थिति को नियंत्रित कर लिया गया है.
