नवगछिया : परवल के बाजार भाव में गिरावट शुक्रवार को भी जारी रहा. नवगछिया अनुमंडल के विभिन्न मंडियों में शुक्रवार को परवल का भाव डेढ़ रुपये से खुला और ₹1 पर जाकर बंद हो गया. हालांकि शुक्रवार को मंडियों में परवल की खरीद करने वाले बड़ी संख्या में लोग पहुंचे थे. अंतिम समय में परवल का रेट ₹1 खुलने के बाद मंडी में खेतों से आए सभी परवल बिक गए. जानकार बता रहे हैं कि अगर परवल के खरीददारों की संख्या इसी तरह भर्ती रही तो धीरे-धीरे परवल का रेट चढ़ जाएगा और परवल के किसान राहत की सांस लेंगे. हालांकि नवगछिया स्थित जहान्वी चौक के हाई लेवल और लत्तीपुर आढ़त पर देखा यह जाता है कि एक दिन अगर खरीदारों की संख्या ज्यादा रहती है तो दूसरे दिन और तीसरे दिन कम खरीदार मंडी तक पहुंचते हैं. इसलिए अगले 2 दिनों तक परवल के भाव में किसी प्रकार का चढ़ाव देखे जाने की संभावना नहीं बन रही है. इधर कई किसानों से बातचीत के क्रम में बताया कि वे लोग कुछ दिनों तक अपने खेतों से परवल की तुड़ाई नहीं करेंगे. लेकिन परवल की तुरई को ज्यादा से ज्यादा दो से 3 दिन तक ही टाला जा सकता है. इससे अधिक दिन तुराई ना होने पर परवल खेत में ही खराब हो जाएगा.
जदयू किसान मोर्चा ने की बैठक, लिया निर्णय पदाधिकारियों से करेंगे मुलाकात
हाइ लेवल, जाह्न्वी चौक मंडी में जिसकी अध्यक्षता किसान प्रकोष्ठ जिला अध्यक्ष नवगछिया पारस नाथ साहु ने की. इस अवसर पर जदयू प्रखंड इस्माईलपुर गुलशन कुमार, किसान प्रकोष्ठ इस्माईलपुर देवल मंडल, जदयू सचिव इस्माईलपुर सिंटू कु अकेला, मुन्ना मंडल, मुकुंद कु मंडल, मुकेश मंडल, अशोक कु, अजीत मिश्रा, अध्यक्ष अति पिछड़ा डब्लू मंडल, सच्चीता सिंह, शशि मंडल आदि अन्य भी थे. बैठक में निर्णय लिया क़ि हमारे नवगछिया अनुमंडल के किसान कर्ज लेकर खेती करता है. कर्ज तक नही चुका सकता है. किसान कभी बाढ़ से परेशान होते हैं तो कभी मौसम की मार से. दोनों से बचने गए तो बाजार किसानों को मार देता है. नवगछिया अनुमंडल के अधिकांश किसान ऋण लेकर ही खेती करते हैं. ऐसी स्थिति में बैंक का ऋण कैसे चुकता होगा. किसान कर्ज से खाना नही खा पा रहै है. जिसके चलते परवल को मवेशी को खिला रहा है. यह जिला पदाधिकारी महोदय से अनुरोध है. किसान की समस्या को देखते हुए खुद इसका निरक्षण करे. किसान की समस्या को सरकार के द्वारा ध्यान आकृष्ठ करवा दे. पुलिस जिला नवगछिया के किसान कर्ज लेकर खेती करने पर रो रहा है. बिहपुर के लत्तीपुर, जाह्न्वी चौक ब्रहमा बाबा स्थान मंडी में परवल नही बिकने पर मवेशी को खिला रहा है. जदयू कार्यकर्ताओं ने कहा कि परवल किसानों की मौजूदा स्थिति को लेकर वह लोग मुख्यमंत्री का भी ध्यान इस ओर आकृष्ट कराएंगे. सर्वप्रथम जदयू का एक प्रतिनिधिमंडल शनिवार को भागलपुर के जिला उद्यान पदाधिकारी से मिलकर परवल किसानों की समस्या को रखेंगे.

1 ₹ में क्या मिलता है, मिलता है ना 1 एक किलो परवल
नवगछिया के परवल भाव के मामले में ही भले ही बाजारों में पिछड़ गया हो. लेकिन नवगछिया का परवल इन दिनों चर्चा में है. नवगछिया के जहान्वी चौक पर बाहर से आए एक सज्जन ने जब 1 किलो आम ₹35 प्रति किलो की दर से खरीदा और आम वाले दुकानदार को 34 रुपये दिए. तो आम वाले ने कहा साहब एक रुपया आप दे ही दो. सज्जन के पास ₹1 छुट्टे नहीं थे. दुकानदार और ग्राहक के बीच तू तू मैं मैं होने लगी. ग्राहक ने झल्लाकर कहा यार एक रुपए के लिए मरे जा रहे हो! ₹1 में होता क्या है अब ? आम वाले दुकानदार ने बड़ी ठसक के साथ कहा ” एक रुपये में मिलता है एक किलो परवल. आम खरीदने वाले सज्जन आश्चर्यचकित थे. वह नवगछिया के परवल की पूरी कहानी पता लगाना चाहते थे. सज्जन ने कहा मेरे शहर पूर्णिया में परवल 10 से ₹12 प्रति किलो मिल रहा है यहां ₹1 किलो कैसे मिल रहा है. इसके बाद उस सज्जन को परवल की पूरी कहानी बताई गई तो अगले ही पल देखा गया कि उस सज्जन ने अपना रुख सब्जी मंडी की ओर कर लिया था.

