नवगछिया : रंगरा सहायक थाना क्षेत्र के भवानीपुर गांव में मंगलवार की शाम चार बजे बजे अवकाश प्राप्त फौजी अजय यादव ने गांव के ही सोनी लाल यादव के पुत्र ब्रजेश यादव को गोली मार कर गंभीर रूप से घायल कर दिया है. घटना के तुरंत बाद ब्रजेश को इलाज के लिये नवगछिया अनुमंडलीय अस्पताल लाया गया जहां प्राथमिक उपचार के बाद युवक को बेहतर इलाज के लिये भागलपुर मायागंज जेएलएनएमसीएच रेफर कर दिया. ब्रजेश को एक गोली बांह के पास और दूसरी गोली पीठ पर लगी है. घटना का कारण ब्रजेश का एक तरफा प्रेम प्रसंग बताया जा रहा है.
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!– युवक हुआ गंभीर, जेएलएनएमसीएच में चल रहा है इलाज, घायल युवक का रहा है आपराधिक इतिहास
– घटना का कारण एकतरफा प्रेम
– रंगरा ओपी के भवानीपुर गांव की घटना
नवगछिया के अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी प्रवेन्द्र भारती, नवगछिया थाना अध्यक्ष सत्येंद्र प्रसाद सिंह, रंगरा सहायक प्रभारी कौशल कुमार ने भवानीपुर गांव पहुंच कर घटना की छान बीन की है. पुलिस की छानबीन में बात सामने आ रही है कि ब्रजेश यादव का अजय यादव की पुत्री से 3 वर्ष पूर्व से एकतरफा प्रेम प्रसंग चल रहा था. तीन वर्ष पूर्व ब्रजेश यादव ने अजय यादव की पुत्री का शादी की नियत से अपहरण कर लिया था. इस मामले में रंगरा ओपी थाना में प्राथमिकी भी दर्ज कराई गई थी. अपहृत लड़की की बरामदगी के बाद रंगरा पुलिस ने ब्रजेश यादव को गिरफ्तार कर जेल भी भेजा था.

जेल से बाहर आने के बाद एक बार फिर ब्रजेश यादव अजय यादव की पुत्री से अपना संबंध स्थापित करना चाहता था. जिसकी भनक अजय यादव को लग गयी और आजय यादव ने गुस्से में ब्रजेश को गोली मार दी. ग्रामीणों के अनुसार मंगलवार की शाम ब्रजेश यादव नवगछिया बाजार से मोटरसाइकिल से घर लौट रहा था तो उसी समय भवानीपुर काली मंदिर के पास अजय यादव ने उसे गोली मार दी. गोली लगने से गंभीर रूप से घायल हुए युवक ब्रजेश यादव का अपराधिक इतिहास रहा है. अपराधिक गतिविधियों में इसकी संलिप्तता भी रही है. ब्रजेश यादव दो बार जेल की हवा भी खा चुका है.
पुलिस ने बताया कि ब्रजेश यादव कुर्सेला रेक पॉइंट पर लूट की घटना को अंजाम देने के दौरान गिरफ्तार हुआ था. इस मामले में वह कई माह तक जेल में भी रहा था. इसके अलावा शादी की नियत से अपहरण के मामले में भी ब्रजेश जेल जा चुका है. ब्रजेश यादव का अपराधी गतिविधि में रहने की बात भी सामने आ रही है. जानकारी के अनुसार छह माह पूर्व ब्रजेश जेल से बाहर निकला था. जेल से बाहर निकलने के बाद वह अजय यादव की पुत्री के संपर्क में एक बार फिर से जाना चाह रहा था.
