नवगछिया : जहाजवा धार बांध टूटने के बाद इस्माइलपुर में तेजी से गंगा का पानी फैल रहा है तो दूसरी तरफ इस बांध के टूटने से तेतरी कलबलिया धार में भी गंगा का पानी उतरने लगा है. तो इस्माइलपुर और नवगछिया प्रखंड के किसानों को बांध टूटने से व्यापक क्षति हुई है. सैकड़ों एकड़ में लगी फसल जलमग्न हो गई है. नवगछिया के ग्रामीण क्षेत्र के भी कुछ गांव जलमग्न होने की संभावना है.
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!– कई गांव हुए जलमग्न नवगछिया का ग्रामीण इलाका भी प्रभावित
– अभी तक प्रशासनिक स्तर से एक ही नाव की हुई है व्यवस्था
वर्तमान में इस्माइलपुर प्रखंड के परवत्ता, मेघलटोला, मनधतटोला, गोनरचक, मोतीटोला पचासी, नयाटोला फुलकिया, केलाबाड़ी, भिट्ठा आदि गांव चारों ओर से पानी से गिर गया है आशंका है कि अगले 24 घंटों में लोगों के घरों में पानी घुस जाएगा. मनधत टोला के पास सड़क के उपर से पानी का बहाव हो रहा है. गोपालपुर प्रखंड के नवटोलिया बोचाही और अभिया के बहियार मे भी बाढ का पानी का फैलाव हो रहा है. सड़क पर हो रहे बहाव को रोकने के लिये ग्रामीण स्तर से पदाधिकारियों से गुहार लगाई गई है.

ऊंचे स्थानों पर शरण ले रहे हैं लोग
गांव के आसपास पानी फैल जाने के बाद इस्माइलपुर के विभिन्न पंचायत के लोगों ने ऊंचे स्थानों पर शरण लेना शुरू कर दिया है. तो दूसरी तरफ नवगछिया से इस्माइलपुर जाने का मार्ग कई जगहों पर बाधित हो गया है. अब तक प्रशासनिक अफसर से महज एक ही नाव की व्यवस्था की गई है जबकि वर्तमान में कम से कम 40 से 50 हजार की आबादी बाढ़ प्रभावित हो चुकी है. जिला परिषद विपिन कुमार मंडल ने विभिन्न क्षेत्रों का जायजा लिया है. विपिन मंडल ने कहा कि बांध कैसे टूटा इसकी उच्चस्तरीय जांच की मांग उन्होंने पदाधिकारी से की है साथ में जो लोग बाढ़ प्रभावित हुए हैं उन्हें मुआवजा देने और तत्काल राहत की व्यवस्था करने की मांग की पदाधिकारियों से की गई है.

पानी के अत्यधिक दबाव से टूटा बांध,
श्री राम इंटरप्राइजेज कंपनी के सुपरवाइजर जलधर मंडल ने बताया कि पानी अधिक होने के कारण मंधत टोला, 519 टोला और जहाजवा घाट के पास गंगा के जलस्तर का अत्यधिक दबाव था जिसके कारण यह दुआ घर के पास बांध टूट गया. जहान्वी चौक पर अनिल मंडल शशि मंडल और प्रभास मंडल ने बताया कि बांध को उस जगह पर बांधना नहीं था बांध बांधने के कारण रेलवे लाइन के बगल में 68 धार में गंगा का पानी गिर गया जिसके कारण जहाजवा घाट पर अत्यधिक दबाव हो गया.

ग्रामीणों ने कहा कि ग्रामीण स्तर से बांध का निर्माण तो कर दिया गया था लेकिन उसमें कई तरह की तकनीकी खामियां थी, जिसके कारण वह बांध जल स्तर के हल्के-फुल्के दबाव को भी नहीं झेल सका और समय से पहले ही ध्वस्त हो गया. इधर इस्माइलपुर प्रखंड जदयू अध्यक्ष गुलशन कुमार ने प्रशासनिक पदाधिकारियों और सरकार से सरकारी स्तर के नाव और इस्माइलपुर में कम से कम 4 एसडीआरएफ की टीमों को भेजने की मांग की है.
कहते हैं अंचलाधिकारी
इस्माइलपुर के अंचलाधिकारी सुरेश प्रसाद ने बताया कि बाढ़ के मद्देनजर स्वास्थ्य विभाग सहित सभी विभाग को अलर्ट कर दिया गया है. यातायात व्यवस्था को भी नाव के सहारे सुगम बनाया जाएगा.
