मदरौनी पावर ग्रिड के समीप कोसी के कटाव से विस्थापित होकर एनएच 31 किनारे झोपड़ी बना कर रह रहे कौशिकीपुर सहौरा पंचायत के लोगों की झोपड़ी हटाने को लेकर रविवार को सीओ दो दर्जन पुलिस बलों के साथ मदरौनी पावर ग्रिड के समीप पहुंचे। जहां उन्हें विस्थापित लोगों के काफी आक्रोश का सामना करना पड़ा। सड़क किनारे रह रहे दर्जनों लोगों ने रंगरा थानाध्यक्ष जवाहरलाल सिंह के अलावे दो दर्जन पुलिस बल के साथ साथ पहुंचे सीओ जितेंद्र कुमार राम से पूछा कि आखिर किस आधार पर उन्हें यहां से हटाया जा रहा है।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!लोगों ने कहा वे 3 वर्षों साल से सीओ सहित अनुमंडल व जिला प्रशासन को कई बार आवेदन देकर पुनर्वास की गुहार लगा चुके हैं। बावजूद प्रशासन अब तक पुनर्वास की व्यवस्था नहीं की। विस्थापितों ने कहा कि जब तक पुनर्वास की व्यवस्था नहीं की जाती है तब तक वे लोग यहां से नहीं हटेंगे। इसके बाद सीओ ने एसडीओ को फोन पर इसकी जानकारी दी। इसके बाद पुलिस और प्रशासन की टीम वापस लौट गई।

बताते चलें कि रंगरा मदरौनी पावर ग्रिड के समीप हाल ही में कॉलेज खुला है। कॉलेज प्रशासन द्वारा कॉलेज के सामने सरकारी जमीन पर अतिक्रमण कर झोपड़ी बना कर रहे लोगों के विरुद्ध अतिक्रमण हटाने को लेकर लोक शिकायत निवारण पदाधिकारी नवगछिया से इसकी शिकायत की गई थी। इसके बाद लोक शिकायत निवारण पदाधिकारी नवगछिया के निर्देश पर रंगरा अंचलाधिकारी सरकारी जमीन पर झोपड़ी बनाकर रह रहे लोगों की झोपड़ी हटाने के लिए गए थे। दूसरी ओर राजद आपदा प्रकोष्ठ के जिलाध्यक्ष अशोक यादव ने कहा कि अगर पंचायत के कटाव पीड़ित विस्थापित लोगों की झोपड़ी को प्रशासन द्वारा बलपूर्वक हटाया गया तो उग्र आंदोलन किया जाएगा।
