नवगछिया : विद्यालयों में मध्याहन भोजन बनाने वाली रसोइयां के संगठन की प्रदेश उपाध्यक्ष अमृता देवी ने कहा कि वर्तमान में रसोइयां को मात्र 1650 रुपये मासिक वेतन मिल रहा है, जो की बेहद कम है। इतनी मामूली राशि में घर चलना मुश्किल हो रहा है।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!उन्होंने कहा कि बिहार सरकार को जल्द से जल्द सभी रसोइयों के लिए न्यूनतम मजदूरी लागू करनी चाहिए। जिससे उन्हें सम्मानजनक जीवन जीने का अधिकार मिल सके।
एक दिन पहले सरकारी स्कूलों में मध्याह्न भोजन के योजना के तहत कार्यरत रसोइयों ने अपनी मांगों के लिए अनुमंडल कार्यालय में धरना दिया। इस दौरान बड़ी संख्या में रसोइयों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए अपनी समस्याओं को रखा और न्यूनतम मजदूरी लागू करने की मांग की।

