नवगछिया : रंगरा प्रखण्ड में त्रिमुहानी कुर्सेला तटबंध के नदी तरफ कोसी के दायें किनारे पर जहांगीर वैसी गांव में नदी का भीषण कटाव हो रहा है।कटाव इतनी तेजी से हो रहा है कि लोग घर से अपना समान भी नही निकाल पा रहे है।बड़े बड़े मकान कोशी कटाव में तास के पत्ते की तरह बिखर रहे है।कटाव निरोधी कार्यके तहत दिया जानेवाला समान भी पल भर में कोसी नदी में बह जा रहा है ।शनिवार को भी तीन मकान कटकर कोशी नदी में बह गया।कोसी नदी के किनारे कटाव के मुहाने पर जिनके घर है वे अपने घरों को तोड़कर ईट और लकड़ी निकालने में लगे हुये है।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!ग्रामीण मोइज उद्दीन, मो इस्तेखार आलम, बुल्लो , अब्दुल गफ्फार, अताउल हक, वसीम अयाज़ अंजुम ने बतायाकि तीन वर्षों से कटाव हो रहा है हमलोगों ने पदाधिकारियो से कटाव रोकने के लिए कटाव निरोधी कार्य शुरू करवाने के लिए गुहार भी लगाया लेकिन किसी ने ध्यान नही दिया।लोगो ने कहा की यही हाल रहा तो पूरा नवगछिया कोशी में समा जाएगा।
वहीं जलसंसाधन बिभाग के पदधिकारियों का कहना है कि अभियन्ता कटाव रोकने में जुटे हैं। जल संसाधन विभाग पिछले दस दिनों से तटबंध बचाने में जुटा है।

विभाग के अनुसार कोसी नदी से उक्त ग्राम में 370 मीटर में कटाव हो रहा है, जिसमें 120 मीटर में घनी आबादी अवस्थित है। कटाव के कारण दो पक्का मकान, दो कच्चा मकान गिर गया है जबकि चार पक्का मकान नदी के किनारे रहने के कारण गिरने की अवस्था में है। वर्तमान में नदी 250 मीटर की लूप में 25 मीटर एवं 120 मीटर घनी आबादी में 20 मीटर काट चुकी है। पूर्व में भी इसी स्थल पर कटाव होने पर 17 जून से 20 जून तक बाढ़ संघर्षात्मक कार्य कराकर स्थल को सुरक्षित कर लिया गया था। पुनः 30 जून को कटाव की सूचना मिलते ही एक अगस्त से लगातार बाढ़ संघर्षात्मक कार्य कराया जा रहा है।
