ढोलबज्जा: नवगछिया के कोसी पार ढोलबज्जा में, डेंगू का प्रकोप बड़ी तेजी से फैलने लगा है. करीब एक सप्ताह के अंदर वहां अब तक 25 से ज्यादा लोग- ज्योति कुमारी, शंकर जायसवाल, उपेंद्र जायसवाल का छोटा पुत्र, प्रवीण जायसवाल, उपेंद्र विश्वकर्मा, विजय कुमार, नवीन जायसवाल, गजेंद्र प्रसाद मंडल, मनीष कुमार, ललन की पत्नी, घनश्याम कुमार साह, रामदेव शर्मा, चित्ररेखा देवी, विप्लव कुमार, विभा देवी, मनीष शर्मा, हरदेव शर्मा दोनों पिता पुत्र, मधुसूदन मंडल, बिरेंद्र भगत, अरविंद साह की पत्नी व पुत्र सिंटू कुमार, जालेश साह, लूरी दास टोला में मनोज कुमार व रवि कुमार डेंगू से पीड़ित हो चुके हैं.
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!जिसमें 6 लोग ठीक हुए हैं और सभी का निजी व सरकारी अस्पतालों से इलाज चल रहा है. वहीं अतिरिक्त प्राथमिक स्वास्थ केंद्र ढोलबज्जा के प्रयोगशाला प्रावेदिक लाईब्रेटिक टेक्नोलॉजिस्ट सर्वर जमा व प्रभारी चिकित्सक डॉ बीरेंद्र कुमार ने बताया कि- यहां हीमोग्लोबिन, डायबिटीज, एएनसी का सभी टेस्ट, यूरिन रूटीन ,प्रेनेंसी टेस्ट, व बीपी टेस्ट की सुविधा उपलब्ध है. लेकिन सीबीसी टेस्ट के बिना डेंगू की जांच नहीं हो पा रही है. जांच के लिए कुछ डेंगू कीट मिला था, जो खत्म हो चुका है. पहले ढोलबज्जा को सीबीसी मशीन भी मिला था.

जिसमें हर प्रकार की जांच होती थी. वह भी जनहित के लिए भागलपुर सदर अस्पताल मांगा लिया गया. जिसके अभाव में यहां डेंगू मरीजों को काफी परेशानियां हो रही है. वहीं इस संबंध में युवा जदयू नेता प्रशांत कुमार कन्हैया ने जब बिहार सरकार के स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडे से फोन पर बात किया तो उन्होंने अजीबो-गरीब बयान देते हुए कहा कि ढोलबज्जा में यदि सीबीसी मशीन नहीं है तो, सदर अस्पताल जाकर इलाज करवाएं. ज्ञात हो कि ढोलबज्जा में जिस तरह डेंगू ने अपना पैर पसार रहे हैं ऐसे में यहां से भागलपुर सदर अस्पताल की दूरी करीब 35 किलोमीटर है.
रोगी को विक्रमशिला पुल होकर जाना आना होता है. जहां पर हर रोज जाम की समस्या होती रहती है. इस परिस्थिति में मरीजों का जब तक इलाज होगा, तब तक उसकी मौत भी निश्चित हो सकती है. इस तरह की घटना पहले कदवा में दो डेंगू मरीजों के साथ हो चूकी है. किसान मोर्चा नवगछिया के जिला उपाध्यक्ष रामनरेश जायसवाल व एस सुशांत ने बताया कि- सरकार को स्वास्थ्य विभाग के प्रति उदासीनता के कारण यहां पर नाही डॉक्टर है और ना ही दवाई व एंबुलेंस की सुविधा है.
यहां के नेता व जनप्रतिनिधियों को इस ओर कोई ध्यान नहीं है. महिलाओं के प्रसव पीडा़ को भी स्वास्थ्य विभाग समझने वाला नहीं है. संत पिटर इंग्लिश स्कूल के शिक्षक ब्रजेश कुमार, विजय कुमार, समाजसेवी लअभिषेक भगत व संतोष गुप्ता ने ढोलबज्जा व कदवा में फैल रहे डेंगू के प्रकोप की रोकथाम के लिए स्थानीय पदाधिकारियों से यहां के मुहल्ले में फॉगी कराने की मांग कर रहे हैं.
कहते हैं सीएस
भागलपुर के सीएस विजय कुमार सिंह ने कहा कि ढोलबज्जा में डेंगू के मरीज मिलने की उन्हें जानकारी नहीं है. वे कल इस मामले की जानकारी लेंगे और समुचित रूप से ब्लीचिंग पाउडर का भी छिड़काव किया जाएगा.
