भागलपुर लोकसभा सीट जदयू के खाते में जाने से भाजपा केंद्रीय चुनाव समिति के सदस्य सैयद शाहनवाज हुसैन का यहां से एेन वक्त पर टिकट कट गया। इससे कार्यकर्ताओं की तैयारी धरी रह गई। इस टिकट के कटने से तरह-तरह की बातें राजनीतिक दलों में शुरू हो गई है। खास बात यह है कि टिकटों का वितरण तय करने वाली समिति के सदस्य रहते हुए वे खुद का टिकट नहीं बचा सके। यह सीट जदयू के खाते में चली गई। इस फैसले से भाजपा में उदासी है। लेकिन जदयू को संजीवनी मिली है। इसके लिए दो माह पहले से जदयू कार्यकर्ता मांग कर रहे थे। शनिवार और रविवार को सभी भाजपाइयों और राजनीति पंडितों की नजर टीवी स्क्रीन और सोशल मीडिया पर टिकी थी, लेकिन नेतृत्व के आधिकारिक फैसले ने पूरा समीकरण बदलकर रख दिया।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!25 को नॉमिनेशन करने की थी तैयारी
25 मार्च को शाहनवाज समर्थकों ने नॉमिनेशन की भी तैयारी की थी। करीब 150 गाड़ियों की बुकिंग के साथ शहर के कई होटलों के कमरे भी बुक किए गए थे। नए समीकरण में यह सब धरा ही रह गया।

शाहनवाज का मोबाइल शनिवार से ही बंद बता रहा
24 घंटे मोबाइल ऑन रखने वाले शाहनवाज हुसैन का मोबाइल शनिवार से ही ऑफ बता रहा है। जानकारों के मुताबिक शनिवार को जब संसदीय बोर्ड की बैठक हो रही थी, रात दो बजे तक शाहनवाज भी उसमें शामिल थे।
फेसबुक पर भी कमेंट का दौर जारी
पीरपैंती के भाजपा नेता मुन्ना सिंह ने फेसबुक वॉल पर लिखा है कि भाजपा नेतृत्व ने राजद को वाकओवर दे दिया। युवा मोर्चा के आलोक सिंह बंटू ने इस्तीफा की घाेषणा कर दी। जबकि पूर्व विधायक ई. शैलेंद्र ने सभी 40 सीटों पर नरेंद्र मोदी का ही नाम लिख दिया।
