भागलपुर: यूनिवर्सिटी के गेट पर छात्र ने की आत्मदाह की कोशिश, पेंडिंग रिजल्ट से था परेशान

भागलपुर / पटना

भागलपुर. डेढ़ साल तक पेंडिंग रिजल्ट के सुधार के लिए चक्कर काटने के बाद भागलपुर के तिलका मांझी यूनिवर्सिटी के गेट पर शनिवार दोपहर को छात्र अमित कुमार ने आत्मदाह की कोशिश की। अमित पानी की बोतल में केरोसिन तेल और माचिस लेकर मेन गेट से यूनिवर्सिटी में दाखिल हुआ। इसके बाद उसने खुद पर तेल डाला और माचिस की तिली निकालकर खुद को आग लगाने की कोशिश करने लगा। गेट के पास खड़े छात्रा ने आत्मदाह करने से रोका…

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– गेट के पास मौजूद अन्य छात्रों ने अमित को आत्मदाह करते देता तो वे दौड़ पड़े और अमित को पकड़ लिया। पकड़े जाने पर अमित चिल्लाने लगे। कहने लगा- भैया मुझे मर जाने दीजिए।
– रिजल्ट के चक्कर में मेरा कहीं एडमिशन नहीं हो रहा है, कोई मेरी बात सुनने को तैयार नहीं है, दर-दर की ठोकर खा रहा हूं, करियर तबाह हो रहा है। ऐसी लाइफ से मौत भली, मुझे मर जाने दीजिए।
– युनिवर्सिटी के छात्रों ने किसी तरह अमित को जान देने से रोका और उसे लेकर प्रॉक्टर डॉ. योगेंद्र के पास ले गए।
– अमित की परेशानी सुन प्रॉक्टर ने एग्जाम कंट्रोलर डॉ. अरुण कुमार सिंह को बुलाया।
– अरुण कुमार ने प्रॉक्टर से वादा किया कि अमित का रिजल्ट तत्काल सुधार दिया जाएगा।

क्या है मामला
– डेढ़ साल तक पेंडिंग रिजल्ट के सुधार के लिए टीएमबीयू का चक्कर काटने के बाद महादेव सिंह कॉलेज के छात्र अमित ने गुरुवार को आत्मदाह की चेतावनी दी थी।
– इतिहास ऑनर्स के छात्र को भूगोल की जगह राजनीति विज्ञान मार्कशीट पर अंकित कर दिया।
– महादेवसिंह कॉलेज में इतिहास ऑनर्स के छात्र ने बताया कि उसने 2012 में पार्ट वन, 2014 में पार्ट टू और 2015 में पार्ट थ्री की परीक्षा पास की।
– पार्ट टू में मैंने सब्सिडियरी विषय के रूप में भूगोल की परीक्षा दी, लेकिन इसकी जगह राजनीति विज्ञान अंकित कर इसमें नंबर चढ़ा दिया गया।
– अमित का कहना था कि वह गुरुवार को रिजल्ट सुधार के लिए एग्जाम कंट्रोलर अरुण कुमार सिंह के पास गया था, लेकिन उसे डांट-फटकार कर केबिन से निकाल दिया गया।
– डेढ़ साल के अंदर वह कई बार अरुण सिंह से मिला, लेकिन कोई फायदा नहीं हुआ।
– ऑनर्स की डिग्री नहीं होने से वह अब तक रेलवे, बैंकिंग, एसएससी समेत कई प्रतियोगी परीक्षा का आवेदन नहीं दे पाया है और न ही एमए में एडमिशन ले पाया है।