कोसी और मिथिलांचल को जोड़ने के लिए कोसी नदी पर चौथे फोलेन महासेतु का निर्माण कराया जाएगा। फोरलेन महासेतु और टू लेन सड़क की हरी झंडी नेशल हाईवे ऑफ इंडिया ने दे दी है।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!कोसी और मिथिलांचल को जोड़ने के लिए भारत माला प्रोजेक्ट के तहत कोसी नदी के रास्ते बनने वाले इस तीसरे रास्ते से मधुबनी जाने वाले लोगों को काफी राहत मिलेगी। मधुबनी जिला के उमगांव से सुपौल के बकौर के रास्ते परसरमा के एनएच 327 ई में जुड़ने वाली इस सड़क का एक्सटेंशन कर अब इसे जिला मुख्यालय के लोहिया नगर चौक से कर्णपुर, मल्हनी होते हुए परसरमा में मिलाने की राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण ने स्वीकृति दे दी है।

इस सड़क को लंबे समय से जिला मुख्यालय से मिलाने की मांग की जा रही थी, जो नये साल में अब सफल होता दिख रहा है। ऊर्जा मंत्री विजेन्द्र प्रसाद यादव ने बताया कि महासेतु फोरलेन का बनाया जायेगा। उन्होंने कहा कि खास बात यह है कि 180 किमी नये एनएच सड़क चार एनएच से मिलेगी। मधुबनी जिला के साम्या चौक एनएच 57 से रेयाम, झंझारपुर, मधेपुर, भेजा के रास्ते एनएच 327 ई, 527 ए और एनएच 107 में जाकर मिलेगी। उन्होंने कहा कि पहले यह सड़क मधुबनी जिला के उमगांव से बकौर होते हुए परसरमा निकल रही थी। जिसे एक्सटेंशन कर जिला मुख्यालय के लोहिया नगर चौक से कर दिया गया है। इसकी स्वीकृति भी मिल गयी है।
