बिहार सरकार पंचायती राज विभाग की योजनाओं से जुड़े जवाबदेह अफसरों की जिम्मेदारी में बड़ा बदलाव करने जा रही है. पंचायती राज विभाग ने प्रखंड स्तर पर बीडीओ और जिले स्तर पर डीडीसी को बेदखल करने की तैयारी कर ली है.पंचायती राज विभाग द्वारा तैयार किए गए प्रस्ताव पर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की मंजूरी मिलते ही बीडीओ व डीडीसी से अधिकार छीन जाएंगे.
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!न्यूज18 के मुताबिक अब त्रिस्तरीय पंचायत की योजनाओं को प्रखंड स्तर पर बीडीओ की जगह प्रखंड पंचायती राज पदाधिकारी और जिले स्तर पर डीडीसी की जगह बिहार प्रशासनिक सेवा के नये अधिकारी के पद सृजित किये गये हैं. पंचायती राज विभाग के इस मसौदे पर शुक्रवार को सरकार की मंजूरी मिलते ही बीडीओ और डीडीसी के पर कतर दिये जायेंगे.

दरअसल, जिला मुख्यालय में डीडीसी के पास ग्रामीण विकास की योजनाओं के साथ अन्य प्रशासनिक जिम्मेदारी होने की वजह से पंचायती राज विभाग की योजनाओं पर सही ढंग निगरानी नहीं हो पा रही थी. प्रखंडों में कमोवेश यही स्थिति बीडीओ के साथ बनी हुई थी. ऐसे में सरकार ने बीडीओ और इओ पर काम के दबाव को कम करने का निर्णय लिया है.
गांव के विकास और पंचायती राज विभाग की योजनाओं को लेकर सरकार गंभीर दिख रही है. योजनाओं की संख्या में हो रही बढ़ोतरी को देखते हुए अब नये बदलाव के साथ सरकार पंचायती राज विभाग की योजनाओं को अमली जामा पहनाएंगे. शुक्रवार को मुख्यमंत्री की मंजूरी मिलते ही नये तरीके से इसकी कमान थामी जा सकेगी
