बिहपुर प्रखंड के सार्वजनिक पुस्तकालय औलियाबाद में स्वतंत्रता सेनानी वीरो सिंह प्रतिभा खोज प्रतियोगिता सह पुरस्कार वितरण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। जिसके अंतर्गत क्विज परीक्षा, निबंध लेखन, कविता लेखन, चित्रकला, रंगोली व संगीत प्रतियोगिता में सफल सभी छात्र – छात्राओं को सर्टिफिकेट व मेडल देकर सम्मानित किया गया।इसके पूर्व कार्यक्रम का उद्घाटन मड़वा पूरव पंचायत की मुखिया श्रीमती उषा निषाद जी ने किया ।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!कार्यक्रम का संचालन सुजीत कुमार सुमन ने किया। मुखिया उषा निषाद ने कहा की आजादी के गुमनाम नायक स्वतंत्रता सेनानी वीरो सिंह का नाम आज नई पीढ़ी के लोग जानते तक नहीं है जो की बहुत दुःखत है जिन्होंने भारत की आजादी के लिए पाँच बार जेल गए और भागलपुर सेंट्रल जेल से पटना कैंप जेल और हजारीबाग जेल तक की यात्रा की, और भारत के प्रथम राष्ट्रपति डॉ राजेन्द्र प्रसाद, भारत के प्रथम प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरू,राष्ट्रपिता महात्मा गाँधी,सीमांत गाँधी खान अब्दुल गफ्फार खाँ, शहीद जुब्बा सहनी जैसे महान क्रांतिकारियों के साथ मिलकर भारतीय स्वतंत्रता आंदोलन की लड़ाई लड़ी उनका नाम लेने वाला कोई नहीं है
आज वक्त आ गया है की हम अपने स्वार्थी स्वभाव से ऊपर उठकर देश को सर्वोपरि समझे इसीलिए स्वतंत्रता सेनानियों के गुमनाम इतिहास को उजागर करने के लिए स्वतंत्रता सेनानी वीरो सिंह प्रतिभा खोज प्रतियोगिता आयोजित किया गया है । कार्यक्रम के मुख्य अतिथि रहे गौतम कुमार प्रितम जी ने छात्र – छात्राओं का मार्गदर्शन करते हुए शिक्षा के महत्व को बताया और उन्हें स्वतंत्रता सेनानी वीरो सिंह के संघर्षो से अवगत कराया ।

और अंत में धन्यवाद यापन करते हुए मनिभूषण शर्मा ने कार्यक्रम का समापन किया। इस कार्यक्रम को सफल बनाने में शिक्षक आनंद कुमार सिंह, जयहिंद, मधुसूदन, अभिषेक, प्रिंस,बिहारी, संतोष, मो. बब्लू, सन्नी, गुड्डू, श्याम भारती व जीतेन्द्र सोनी सहित सैकड़ो छात्र – छात्राओं ने अपनी अपनी भागीदारी निभाई।
