जाह्नवी चौक से इस्माइलपुर तक बनने वाले रिंग बांध को पूरा कराने और किसानों की जमीन के मुअवाजे की मांग को लेकर जिप सदस्य विपिन मंडल की अगुवाई में शनिवार को चौथे दिन भी धरना जारी रहा। धरने पर बैठे किसनों ने प्रशासन व जल संसाधन विभाग के अफसरों को चेतावनी दी है कि दो दिन में समस्या का समाधान नहीं हुआ तो हम आंदोलन को बाध्य होंगे। जिप सदस्य ने कहा कि बाढ़ से सिर्फ फसल ही नहीं प्रभावित होती है, इससे प्रखंड सड़कें क्षतिग्रस्त हो जाती हैं। जब तक इस समस्या का ठोस निदान नहीं निकल जाता है धरना जारी रहेगा।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!इधर, एसडीओ मुकेश कुमार ने कहा कि रिंग बांध के किसानों की जमीन का अविलंब अधिग्रहण करने का निर्देश जल संसाधन विभाग के अफसरों को दिया गया है किसानों द्वारा सहमति नहीं दिए जाने के कारण निर्माण कार्य में देरी हो रही है। धरना पर बैठे जिप सदस्य की जांच मेडिकल टीम से कराई जा रही है। चौथे दिन उनके समर्थन में वकील सत्येंद्र नारायण चौधरी कौशल, भाजपा जिलाध्यक्ष विनोद मंडल, पूर्व मुखिया बचनेश्वर मंडल, आशीष यादव, सोनू जायसवाल, अभिषेक भगत, सरपंच मीना देवी, नंदकिशोर मंडल, कपिलदेव दास, वीरेंद्र राय आदि ने धरना दिया।

कुछ किसानों की सहमति नहीं मिलने से रुका है भुगतान : अभियंता
जल संसाधन विभाग के कार्यपालक अभियंता अनिल कुमार ने कहा कि रिंग बांध का निर्माण पूरा कराने के लिए विभाग प्रयासरत है। किसानों की जमीन चिन्हित कर नोटिस दी गई है। उनकी सहमति पत्र प्राप्त होने के बाद ही मुआवजा मिलेगा। इसमें 329 किसानों का सहमति जरूरी है, लेकिन अब तक 129 किसानों ने ही सहमति दी है। इस कारण भुगतान रुका हुआ है। चार पांच बार किसानों के साथ बैठक भी की गई। किसानों के बीच फार्म का भी वितरण कर दिया गया है। किसानों की सहमति के लिए उनसे संपर्क किया जा रहा है।
