नवगछिया अनुमंडल : गंगा के बाढ़ से बचाने वाली रिंग बांध निर्माण की योजना पर ब्रेक-Naugachia News

गोपालपुर

अनुमंडल को गंगा नदी के बाढ़ से बचाने वाली रिंग बांध निर्माण की योजना, फिलहाल भू-अर्जन के पेच में फंस गई है। इस्माईलपुर से जाह्नवी चौक तक बनने वाले रिंग बांध का निर्माण मार्च 2019 तक पूरा कर लेना था। ताकि बाढ़ के प्रकोप का असर यहां के लोगों को न झेलना पड़े। पर ऐसा नहीं हुआ, यदि बाढ़ आई तो लोगों को इसका सामना करना ही पड़ेगा। 10:30 किलोमीटर लंबे रिंग बांध पर मार्च 2018 में काम शुरू भी हो गया था। करीब 35 फीसदी मिट्टी भराई का काम भी पूरा हो चुका था, लेकिन अब इस पर ब्रेक लग गया। कारण अभी इस योजना की फाइल जमीन अधिग्रहण के लिए घूम रही है।

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पहले विशेष भू-अर्जन निदेशालय को जमीन का अधिग्रहण करना था। जलसंसाधन विभाग ने करीब 16 करोड़ की राशि भी निदेशालय को दे दी, लेकिन बीच में सरकार के निर्देश के बाद विशेष भू-अर्जन निदेशालय टूट जाने के कारण पूरा मामला अटक गया। अब भू-अर्जन व पुनर्वास के संयुक्त सचिव सह निदेशक गोरखनाथ के जारी नए आदेश के मुताबिक खुद विभाग यानी जलसंसाधन विभाग को ही बिहार लीज नीति-2014 के तहत अधिग्रहण की कार्रवाई करनी होगी। निदेशालय दस्तावेज और मिली राशि वापस करेगा।

10:5 किलोमीटर में होना है रिंग बांध का निर्माण

इस्माईलपुर से जाह्नवी चौक के बीच 10:5 किलोमीटर तक 33 करोड़ की लागत से इस रिंग बांध का निर्माण होना है। रिंग बांध में तीन स्थानों पर पानी निकासी के लिए 3 स्लूइस गेट, बोल्डर पीचिंग और मिट्टी भराई का कार्य होना है।

निर्माण शुरू करने को लेकर हो चुका है आमरण अनशन

इसके बाद जल संसाधन विभाग ने तत्काल प्रभाव से रिंग बांध पर मिट्टी भराई का कार्य शुरू किया था।

अनुमंडल वासियों के लिए वरदान साबित होगा रिंग बांध

इस्माईलपुर से जह्नवी चौक के बीच बनने वाला यह रिंग बांध इस्माईलपुर प्रखंड वासियों के लिए वरदान साबित होगा। इसका निर्माण होने से इस्माईलपुर के अलावे नवगछिया अनुमंडल मुख्यालय सहित रंगरा, गोपालपुर, खरीक व बहपुर सभी प्रखंडों के कई गांव गंगा नदी के बाढ़ से पूरी तरह सुरक्षित हो जाएंगे।

किसानों की 101 एकड़ जमीन का किया जाना है अधिग्रहण, जो बाकी है

रिंग बांध के निर्माण के लिए 101 एकड़ जमीन का अधिग्रहण किया जाना है। 101 एकड़ जमीन अधिग्रहण के लिए लगभग छह सौ किसानों की जमीन का अधिग्रहण होना है। 35 फीसदी मिट्टी भराई का कार्य कर दिया, जब तक किसानों को मुआवजा नहीं मिलेगा, तब तक पक्का निर्माण कार्य नहीं हो सकता है।

विभाग ने किसानों के साथ किया गया छल

गंगोत्री जागरण मंच के अध्यक्ष सह जदयू प्रखंड अध्यक्ष गुलशन मंडल ने कहा कि जल संसाधन विभाग ने किसानों के साथ छल किया है। पिछले वर्ष रिंग बांध निर्माण के लिए किसानों के खेत से मिट्टी निकाल ली गई। उसका भुगतान किसानों को नहीं किया गया। यदि निर्माण कार्य पूरा होने में विलंब है तो किसानों के खेत से निकाली गई मिट्टी का भुगतान विभाग अविलंब करे।