बिहपुर प्रखंड के बिहपुर जमालपुर पंचायत के वार्ड 9 में मां वाम काली का प्राचीन मंदिर है। मां वाम काली पूरे नवगछिया अनुमंडल का इकलौता मंदिर है। इस मंदिर का इतिहास करीब 250 वर्ष पुराना है। यह मंदिर शक्ति पीठ व सिद्धि स्थल के नाम से विख्यात है। प्रखंड के युवक साल भर कहीं भी रहें, लेकिन पूजा में एक दिन के लिए यहां दर्शन करने जरूर आते हैं।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!मंदिर के प्रधान पुजारी हेमंत शर्मा बताते हैं कि मैया के शरण में जो भी सच्चे मन से आता है उसकी सभी मुरादें पूरी होती है। यहां मां वाम काली की 22 फीट ऊंची मूर्ति बनाई जाती है। पूजा महासमिति के अध्यक्ष अरुणा देवी ने कहा कि मैया की पूजा व मेला सिर्फ एक रात की होती है। जिसमें खगड़िया, बेगुसराय, मधेपुरा, सहरसा, पूर्णिया , कटिहार समेत अन्य जिलों के करीब एक लाख श्रद्धालु दर्शन के लिए आते हैं। जिस भक्त की मनोकामना पूरी होती है वह परिवार सहित दरबार में आता है। समिति के प्रधानमंत्री गौतम शर्मा बताते हैं की 6 नवंबर की शाम मैया की मूर्ति स्थापित की जाएगी। 7 को मूर्ति का विसर्जन होगा।

कमेटी के कोषाध्यक्ष धीरेंद्र चटर्जी, शंभूनाथ मिश्रा, महंत नवल किशोर दास, अशोक गोस्वामी और प्रदीप सिंह ने कहा कि मेले में सीसीटीवी से निगरानी की जाएगी। 4 व 5 नवंबर को सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा।

