नवगछिया। बिहार सरकार की सात निश्चय योजना के तहत नवगछिया अनुमंडलीय अस्पताल को सुपर स्पेशियलिटी हॉस्पिटल (SSH) में तब्दील किया जाएगा। इसको लेकर सरकार स्तर पर निर्णय लिया जा चुका है और इसे जल्द अमलीजामा पहनाने की तैयारी शुरू हो गई है।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!सिविल सर्जन डॉ. अशोक प्रसाद ने बताया कि 30 दिसंबर 2025 को सरकार के साथ हुई बैठक में यह निर्णय लिया गया था कि राज्य के चयनित अनुमंडलीय अस्पतालों को सुपर स्पेशियलिटी हॉस्पिटल में बदला जाएगा। इसके तहत नवगछिया अनुमंडलीय अस्पताल में उपलब्ध संसाधनों, उपकरणों और भवन संरचना की रिपोर्ट तैयार कर राज्य सरकार को भेजी जा रही है।
सुपर स्पेशियलिटी बनने के बाद नवगछिया अनुमंडलीय अस्पताल में हृदय रोग, किडनी रोग, मस्तिष्क रोग, मूत्र रोग (यूरोलॉजी) एवं वृद्धावस्था से जुड़ी बीमारियों की जांच और इलाज की सुविधा उपलब्ध होगी। इसके साथ ही यहां एमआरआई, सीटी स्कैन, इको, एंजियोग्राफी, इंडोस्कोपी जांच तथा ब्लड बैंक की स्थापना भी की जाएगी।

सरकार के स्तर से अस्पताल में न्यूरो फिजिशियन, न्यूरो सर्जन, कार्डियोलॉजिस्ट, कार्डियो-थोरेसिक सर्जन, नेफ्रोलॉजिस्ट, यूरोलॉजिस्ट और एनेस्थेटिक विशेषज्ञों की तैनाती की जाएगी, जिससे नवगछिया एवं आसपास के क्षेत्रों के मरीजों को बेहतर और उन्नत चिकित्सा सुविधा स्थानीय स्तर पर मिल सकेगी। वहीं बिहपुर, गोपालपुर, इस्माईलपुर, जगदीशपुर, खरीक, नारायणपुर और रंगरा स्थित पीएचसी एवं सीएचसी को स्पेशियलिटी हॉस्पिटल में तब्दील किया जाएगा।
स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के अनुसार यह कार्य चरणबद्ध तरीके से किया जाएगा, जिससे नवगछिया अनुमंडलीय अस्पताल को आधुनिक चिकित्सा सुविधाओं से लैस कर क्षेत्र के लोगों को बड़े अस्पतालों पर निर्भरता से राहत मिलेगी।
