नवगछिया : नवगछिया अनुमंडल अस्पताल में कुत्त्ते के काटने के बाद इलाज के लिए आए मरीज को बिना इलाज के ही अस्पताल से लौटा दिए जाने का मामला प्रकाश में आया है. इस संबंध में पीड़ित मरीज गोपालपुर थाना क्षेत्र के धरहरा निवासी हीरालाल सिंह ने नवगछिया अनुमंडल लोक शिकायत कार्यालय में परिवाद दायर किया है. परिवाद दायर करने के बाद अनुमंडल लोक शिकायत पदाधिकारी विपिन कुमार राय ने सुनवाई करते हुए अस्पताल के प्रभारी उपाधीक्षक डॉ अजय कुमार सिंह से किस परिस्थिति में मरीज का इलाज के बाद दवा उपलब्ध नहीं कराई गई. साथ ही इलाज के लिए आने पर अगर दवाई उपलब्ध नही थी तो मरीज के पर्चे पर दवाई उपलब्ध नहीं है क्यो नहीं अंकित किया गया. उन्होंने अस्पताल में दवा की उपलब्धतता से संबंधित दस्तावेज उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है. श्री राय ने कहा कि अस्पताल में डॉग बाइट किन किन मरीजो को दिया जाएगा इसकी जांच भी कराई जाएगी.
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!कुत्त्ते के काटने के बाद इलाज के लिए आए मरीज को बिना इलाज के ही लौटाया
– अस्पताल में मरीज को टिटवेट की सुई तक नहीं लगाई गई
– पीड़ित ने अनुमंडल लोक शिकायत निवारण कार्यालय में परिवाद दायर किया
पीड़ित ने बताया कि पांच फरवरी को अनुमंडल अस्पताल में इलाज के लिए गए थे. दो रुपये का पर्चा कटाया और ओपीडी में डॉक्टर से इलाज कराया. डॉक्टर साहब ने टिटवेट व डॉग बाइट की सूई लिख दिया. डॉग बाइट व टिटवेट की सुई लेने के लिए दवा काउंटर पर गए तो बताया गया कि डॉग बाइट नहीं है. रंगरा या खरीक पीएचसी में जाकर ले लीजिए. इस दौरान अस्पताल में टिटवेट तक कि सुई नहीं लगाई गई.

बिना किसी दवा के उपलब्ध कराए उन्हें लौटा दिया गया. अस्पताल उपाधीक्षक ने कहा कि अस्पताल में डॉग बाइट उपलब्ध नहीं होने के कारण दवा उपलब्ध नही करने की बात कही. जबकि टिटवेट की सूई नहीं लगाए जाने के संबंध में वे किसी प्रकार का संतोषप्रद जबाव लोक शिकायत निवारण पदाधिकारी को नहीं दे पाए. लोकशिकायत निवारण पदाधिकारी ने कहा कि डॉग बाइट दवा अस्पताल में नो जनवरी को 120 भाईल उपलब्ध कराई गई थी. उक्त दवा कहा खर्च की गई इसकी भी जांच होगी. जांच में गड़बड़ी पाए जाने पर प्राथमिकी दर्ज कराई जाएगी.
