नवगछिया : राज्य के नेशनल हाईवे पर होने वाली दुर्घटनाओं और अन्य आपराधिक घटनाओं पर नियंत्रण को लेकर सख्ती की जा रही है। हाईवे पेट्रोलिंग को सघन और सख्त किया जाएगा। इसके लिए विभिन्न जिलों को 23 विशेष पेट्रोलिंग वाहन उपलब्ध कराया गया है। उन वाहनों से हाईवे पर पेट्रोलिंग को लेकर पदाधिकारी और जवान को ट्रेनिंग भी दी गई है। उक्त वाहनों के लिए नियंत्री थाना भी तय कर दिए गए हैं यानी उस वाहन के इस्तेमाल और रखरखाव की जिम्मेदारी उक्त नियंत्री थाना की ही होगी। इन जिलों को इतने विशेष वाहन उपलब्ध कराए गए
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जिन जिलों को पेट्रोलिंग के लिए विशेष वाहन उपलब्ध कराया गया है उनमें पूर्णिया को दो, पटना को दो, मुजफ्फरपुर को दो और बेगूसराय को दो वाहन उपलब्ध कराए गए हैं। इसके अलावा नवगछिया और खगड़िया को संयुक्त रूप से एक वाहन उपलब्ध कराया गया है। कटिहार, किशनगंज, गोपालगंज, मोतिहारी, समस्तीपुर के साथ वैशाली, कैमूर, रोहतास, बक्सर, भोजपुर, दरभंगा, मधुबनी और सुपौल को एक-एक वाहन उपलब्ध कराया गया है। प्रत्येक वाहन पर एक एसआई और दो कांस्टेबल को वाहन के इस्तेमाल को लेकर ट्रेनिंग दी गई है।

इन एनएच पर होगी पेट्रोलिंग, नियंत्री थाना भी तय हुआ
राज्य भर के जिलों को मिले 23 वाहनों से जिन एनएच पर हाईवे पेट्रोलिंग होगी उनमें एनएच 31, एनएच 30, एनएच 28 और एनएच 57 शामिल हैं। वाहनों के नियंत्री थाना भी तय कर दिए गए हैं। नवगछिया और खगड़िया को मिले संयुक्त वाहन का नियंत्री थाना खरीक को बनाया गया है। पूर्णिया को मिले दो वाहनों का नियंत्री थाना अमौर और जलालगढ़ को बनाया गया है। किशनगंज में बहादुरगंज और सुपौल में राघोपुर विशेष वाहन का नियंत्री थाना होगा। पटना में बाढ़ और बाईपास यातायात थाना को नियंत्री थाना बनाया गया है जबकि मुजफ्फरपुर में मोतीपुर और गायघाट विशेष वाहन के नियंत्री थाना होंगे।
